TGT and PGT (Hindi previous year questions) (Part-XXV)

Total Questions: 50

11. किस सम्प्रदाय में श्रीकृष्ण को प्रमुख स्थान प्राप्तनहीं है?

Correct Answer: (b) राधावल्लभ सम्प्रदाय
Solution:'राधावल्लभ सम्प्रदाय' में श्रीकृष्ण को प्रमुख स्थान प्राप्त नहीं है। राधावल्लभ सम्प्रदाय का प्रवर्तन सन् 1534 ई.में आचार्य हितहरिवंश ने वृन्दावन में किया।इस सम्प्रदाय में 'राधा' का स्थान सर्वोपरि है न कि श्रीकृष्ण का। इसमें 'तत्सुखी भाव' को महत्त्व प्रदान किया गया है। हित चौरासी,राधासुधा निधि,यमुनष्टाक आदि हितहरिवंश के प्रमुख ग्रंथ हैं।

12. 'हे पुरुष सिंह तुम भी यह शक्ति करो धारण' में कौन सा अलंकार है?

Correct Answer: (b) रूपक
Solution:"हे पुरुष सिंह तुम भी यह शक्ति करो धारणा" इस पंक्ति में रूपक अलंकार प्रयुक्त है। जब उपमेय उपमान का अभेद आरोप किया जाये तो रूपक अलंकार होता है। यहाँ पुरुष (उपमेय) पर सिंह (उपमान) का भेद रहित आरोप होने के कारण रूपक अलंकार है।

13. "श्रीरामचरितमानस" को तुलसीदास ने कितने समय में पूर्ण किया?

Correct Answer: (c) 2 वर्ष 7 माह 26दिन
Solution:'श्रीरामचरितमानस' को तुलसीदास ने 2 वर्ष 7 माह और 26 दिन में पूर्ण किया। 'रामचरितमानस' की रचना संवत 1631में चैत्र शुक्ल रामनवमी (मंगलवार) को हुई। इस सम्बन्ध में तुलसीदास का कथन है- "संवत सोलह सौ इकतीसा। करउँ कथा हरिपद धरि सीसा ।।"

14. “राम की शक्ति पूजा में किन दो कविताओं का सार तत्त्व है?

Correct Answer: (b) तुलसीदास और सरोज स्मृति
Solution:'राम की शक्ति पूजा' लम्बी कविता श्रेणी की सूर्यकान्त त्रिपाठी 'निराला' की रचना है। इस पर बांग्ला के कृत्तिवास रामायण का प्रभाव है। यह कविता निराला की ही जिन दो कविताओं का सार तत्त्व है, वे दो कविताएँ हैं- तुलसीदास एवं सरोज स्मृति ।

15. "नयनों का नयनों से गोपन प्रिय सम्भाषण” में कौन सा रस है?

Correct Answer: (a) श्रृंगार
Solution:'नयनों का नयनों से गोपन प्रिय सम्भाषण' उक्त पंक्ति में श्रृंगार (संयोग) रस की निष्पति है। दाम्पत्य प्रधान प्रेम भाव की जागृति श्रृंगार रस है। इसका स्थायी भाव रति है। शृंगार रस के दो भेद होते हैं- 1. संयोग श्रृंगार 2. वियोग या विप्रलम्भ श्रृंगार। शृंगार रस को रसराज की संज्ञा दी गई है।

16. "श्रीरामचरितमानस” में वक्ता श्रोता के कितने युग्म है?

Correct Answer: (d) चार
Solution:'श्री रामचरितमानस' में वक्ता श्रोता के चार युग्म हैं। जो निम्न हैं-
वक्ताश्रोता
शिवपार्वती
काकभुशुण्डिगरुड़
याज्ञवल्क्यभारद्वाज
तुलसीदाससंत समाज

17. "राग गोविन्द" के रचयिता का नाम बताइए।

Correct Answer: (d) मीराबाई
Solution:'राग गोविन्द' की रचयिता कृष्ण काव्य धारा की प्रमुख कवयित्री 'मीराबाई' हैं। इनकी अन्य प्रसिद्ध रचनाएँ हैं- नरसीजी का मायरा, राग-सोरठा, गीत गोविन्द की टीका, मलार राग,सत्यभामा नु रुसणं, मीरां की गरबी, रुक्मणी मंगल ।

18. किस कवि की गणना अष्टछाप के कवियों में नहीं की जाती है?

Correct Answer: (b) नरोन्तम दास
Solution:नरोत्तमदास की गणना अष्टछाप के कवियों में नहीं होती है। अष्टछाप आठ कृष्णभक्त कवियों का समूह है। ये आठ कवि इस प्रकार हैं- 1.कुंभनदास 2. सूरदास 3. परमानन्ददास, 4. कृष्णदास 5. गोविन्दस्वामी 6. छीत स्वामी 7. चतुर्भुज दास 8.नन्ददास ।

19. भ्रमरगीत में भ्रमर का प्रतीक कौन है

Correct Answer: (c) उद्धव
Solution:भ्रमरगीत में 'उद्धव' भ्रमर के प्रतीक हैं। हिन्दी साहित्य में 'भ्रमरगीत' काव्य परम्परा का प्रवर्तन सूरदास ने किया है। 'भ्रमरगीत' को 'उपालम्भ काव्य' कहते हैं। आचार्य रामचन्द्र शुक्ल ने इसे 'ध्वनिकाव्य'कहा है।

20. अष्टछाप के कवियों में पिता- पुत्र कौनहै?

Correct Answer: (b) कुंभनदास चतुर्भुजदास
Solution:अष्टछाप के कवियों में 'कुंभनदास चतुर्भुजदास' क्रमशः पिता पुत्र है। अष्टछाप आठ कृष्ण भक्त कवियों का समूह है।सन् 1565 ई. में आचार्य वल्लभाचार्य के पुत्र विठ्ठलनाथ ने चार वल्लभाचार्य के एवं चार अपने शिष्यों को मिलाकर अष्टछाप की स्थापना की।