TGT and PGT (Hindi previous year questions) (Part-XXXVIII)

Total Questions: 50

1. सूरदास के गुरु का नाम क्या था ?

Correct Answer: (c) वल्लभाचार्य
Solution:'तुलसी गंग दुवै भए सुकविन के सरदार भिखारीदास जी की पंक्ति है। नाम कोश, रस सारांश, छंदार्णव पिंगल, काव्य निर्णय, शृंगार निर्णय, विष्णु पुराण भाषा, शतरंजशतिका तथा अमरकोश भिखारीदास द्वारा रचित महत्त्वपूर्ण काव्यकृतियाँ हैं सेनापति की पंक्ति है - आई ऋतु पावस, न पाई प्रेम पतियाँ ।

2. 'तुलसी गंग दुवी भए किसकी पंक्तिहै?

Correct Answer: (c) भिखारीदास
Solution:'तुलसी गंग दुवै भए सुकविन के सरदार भिखारीदास जी की पंक्ति है। नाम कोश, रस सारांश, छंदार्णव पिंगल, काव्य निर्णय, शृंगार निर्णय, विष्णु पुराण भाषा, शतरंजशतिका तथा अमरकोश भिखारीदास द्वारा रचित महत्त्वपूर्ण काव्यकृतियाँ हैं सेनापति की पंक्ति है - आई ऋतु पावस, न पाई प्रेम पतियाँ ।

3. 'अमिय हलाहल मद भरे, स्वेत, स्याम, रतनार' किसकी पंक्ति है?

Correct Answer: (b) रसलीन
Solution:'अमिय हलाहल मद भरे, स्वेत, स्याम, रतनार रसलीन की पंक्ति है। अन्य कवियों के पंक्तियों का विवरण इस प्रकार हैं- छंद रीति समुझे नहींबिन पिंगल के ज्ञान - सोमनाथ ताहि को रति कहत हैं, रस ग्रंथन की रीति - पदमाकर या अनुरागी चित्त की गति समुझे नहि कोय - बिहारी

4. हिंदी कहानी को प्रारंभ में किस पत्रिका ने महत्त्व दिया?

Correct Answer: (c) सरस्वती
Solution:हिन्दी कहानी को प्रारंभ में 'सरस्वती' पत्रिका ने महत्त्व दिया।

5. 'सांख्यदर्शन' के आधार पर 'रस निष्पत्ति' की व्याख्या किसने की ?

Correct Answer: (a) भट्टनायक
Solution:'सांख्यदर्शन के आधार पर 'रस निष्पत्ति' की व्याख्या भट्टनायक ने की। अन्य आचार्यों के सिद्धांत व दार्शनिक मत इस प्रकार हैं-
आचार्यसिद्धांतदार्शनिकमत
शुंककअनुमितिवादन्याय दर्शन
अभिनवगुप्तअभिव्यक्तिवादशैवदर्शन

6. नाटक की समग्र सामग्री की सिद्धि किस सांध्य के लिए की जाती है।

Correct Answer: (d) कार्य
Solution:नाटक की समग्र सामग्री की सिद्धि 'कार्य' के लिए की जाती है। प्रयत्न, फलागम, नियताप्ति, प्रत्याशा, प्रारम्भ ये कथा संगठन या कार्यावस्था के भेद हैं।

7. गोल्ड स्मिथ कृत 'हरमिट' तथा 'डेजर्टेड विलेज' का हिंदी अनुवाद किसने किया?

Correct Answer: (d) श्रीधर पाठक
Solution:गोल्ड स्मिथ कृत 'हरमिट' तथा 'डेजर्टेड विलेज'का हिन्दी अनुवाद श्रीधर पाठक ने किया। इन्होंने 'हरमिट' का 'एकांतवासी योगी' तथा 'डेजर्टेड विलेज' का 'उजड़ ग्राम' नाम से हिन्दी अनुवाद किया है।

एकांतवासी योगी की रचना लावनी या ख्याल शैली में की है। पाठक जी द्वारा खड़ी बोली में रचित प्रथम कविता 'गुनवंत हेमंत' है तथा खड़ी बोली की प्रथम पुस्तक 'एकांतवासी योगी है।

8. भरतमुनि ने रसों की संख्या कितनी मानी है?

Correct Answer: (a) आठ
Solution:भरतमुनि ने रसों की संख्या 8 मानी है । आचार्य भरत ने 8 स्थायी भाव, 8 सात्विक अनुभाव और 33 संचारी भावों को मान्यता दी। आचार्य भरतमुनि ने नाट्यशास्त्र में 4 मुख्य रस बताया जिसमें शृंगार, रौद्र, वीर, वीभत्स है तथा 4 गौण रस बताया जिसमें अद्भुत, करुण, हास्य, भयानक हैं।

9. भारतीय काव्य शास्त्र नाटक के किन तीन तत्त्वों को मान्यता देता है?

Correct Answer: (a) वस्तु, नेता, रस
Solution:भारतीय काव्य शास्त्र नाटक के वस्तु, नेता, रस इन्हीं तीन तत्वों को मान्यता देता है।

10. 'अहिंसावाद' और 'प्रपत्तिवाद' किस सम्प्रदाय की देन है ?

Correct Answer: (c) वैष्णव सम्प्रदाय
Solution:'अहिंसावाद' और 'प्रपत्तिवाद' वैष्णव सम्प्रदाय की देन हैं अन्य विकल्प संगत नहीं हैं। वैष्णव सम्प्रदाय भगवान विष्णु और उनके स्वरूपों को आराध्य मानता है।